ललित शर्मा के ब्लॉग ललित डॉट कॉम की पोस्ट बनन बागन में बगरो बसंत है का ऑडियो रूपांतरण संज्ञा टंडन द्वारा
लोककथाओं से संस्कारित होती थी नई पीढ़ी
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लोककथाएं कभी केवल मनोरंजन नहीं थीं, बल्कि बच्चों को नीति, संस्कार, करुणा,
साहस और जीवन-मूल्यों की शिक्षा देने वाली जीवंत पाठशाला थीं। पंचतंत्र,
हितोपदेश और...

3 comments:
Rituraj ka adbhut swagat ....behatreen prastuti ...thnx sangya di ...uplode karne ke liye ...
अद्भुत बसंत राग का संयोजन किया है। मजा आ गया सुनकर। आभार एवं शुभकामनाएं।
वाह... सुन्दर शब्दों को मधुर आवाज़ से सजा गीतों का अलंकरण सचमुच ऐसा लग रहा है टेसू के फूल बिखर गए हैं चहुँ ओर... सुन्दर प्रस्तुति और आलेख... आभार
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